खाड़ी देशों के निजी छात्रों के लिए सीबीएसई की नई नीति बनी, सुप्रीम कोर्ट ने याचिका निपटाई

सुप्रीम कोर्ट ने सऊदी अरब में रहने वाले सीबीएसई कक्षा 12 के एक निजी परीक्षार्थी की याचिका का निस्तारण कर दिया। दरअसल केंद्र सरकार ने अदालत को बताया कि पश्चिम एशियाई देशों में युद्ध के चलते रद्द हुई सीबीएसई परीक्षाओं से प्रभावित छात्रों के लिए नई राष्ट्रीय नीति अधिसूचित कर दी गई है। जिसके बाद…

खाड़ी देशों के निजी छात्रों के लिए सीबीएसई की नई नीति बनी, सुप्रीम कोर्ट ने याचिका निपटाई

सुप्रीम कोर्ट ने सऊदी अरब में रहने वाले सीबीएसई कक्षा 12 के एक निजी परीक्षार्थी की याचिका का निस्तारण कर दिया। दरअसल केंद्र सरकार ने अदालत को बताया कि पश्चिम एशियाई देशों में युद्ध के चलते रद्द हुई सीबीएसई परीक्षाओं से प्रभावित छात्रों के लिए नई राष्ट्रीय नीति अधिसूचित कर दी गई है। जिसके बाद अदालत ने याचिका का निस्तारण कर दिया।

सऊदी अरब में रहने वाले भारतीय मूल के छात्र ने याचिका दाखिल की थी। छात्र ने सर्वोच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाते हुए कहा था कि पश्चिम एशियाई देशों में परीक्षा रद्द होने से प्रभावित छात्रों के लिए विशेष मूल्यांकन योजना बनाए जाने के बावजूद उसका परिणाम रोका गया है। न्यायमूर्ति एसवीएन भट्टी और न्यायमूर्ति विपुल पंचोली की पीठ ने 21 जून को जारी नई नीति को रिकॉर्ड पर लिया। साथ ही, अदालत ने सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता के उस बयान को भी दर्ज किया, जिसमें कहा गया था कि याचिकाकर्ता का परिणाम घोषित कर उसे सूचित कर दिया गया है।

सात खाड़ी देशों में रद्द हुई थीं परीक्षाएं

सुनवाई के दौरान सॉलिसिटर जनरल मेहता ने अदालत को बताया कि सात खाड़ी देशों में सीबीएसई की परीक्षाएं रद्द कर दी गई थीं, जिससे दो वर्गों के छात्र प्रभावित हुए नियमित विद्यालयी छात्र और निजी परीक्षार्थी। उन्होंने कहा कि नियमित छात्रों का मूल्यांकन स्कूल रिकॉर्ड के आधार पर किया जा सकता था, लेकिन निजी परीक्षार्थियों के पास स्कूल आधारित आंतरिक मूल्यांकन के अंक उपलब्ध नहीं थे।

इस समस्या के समाधान के लिए केंद्र सरकार ने नई नीति के तहत निजी छात्रों के लिए अलग मूल्यांकन व्यवस्था तैयार की है। नई नीति के अनुसार, जिन विषयों की परीक्षाएं रद्द हुई थीं, उनमें अंक निर्धारित करने के लिए कक्षा 10 बोर्ड परीक्षा के थ्योरी अंकों को 40 प्रतिशत वेटेज और कक्षा 12 बोर्ड परीक्षा के थ्योरी अंकों को 60 प्रतिशत वेटेज दिया जाएगा। सॉलिसिटर जनरल ने अदालत को बताया कि नए फार्मूले के आधार पर तैयार किए गए परिणाम में याचिकाकर्ता को उसके पूर्व प्रदर्शन से बेहतर अंक मिले हैं। उन्होंने कहा कि परिणाम ई-मेल के माध्यम से छात्र को भेज दिया गया है और इसे जल्द ही डिजिलॉकर पर भी उपलब्ध करा दिया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About the Author

Easy WordPress Websites Builder: Versatile Demos for Blogs, News, eCommerce and More – One-Click Import, No Coding! 1000+ Ready-made Templates for Stunning Newspaper, Magazine, Blog, and Publishing Websites.

BlockSpare — News, Magazine and Blog Addons for (Gutenberg) Block Editor

Search the Archives

Access over the years of investigative journalism and breaking reports